सीटी स्कैन क्या होता है What is CT scan in Hindi

सीटी स्कैन क्या होता है What is CT scan in Hindi

हमने आपको इससे पहले एक पोस्ट में MRI स्कैन के बारे में बताया था कि MRI स्कैन क्या होता है यह कब करवाया जाता है क्यों करवाया जाता है इस तरह की बात नहीं कुछ एम आर आई स्कैन के बारे में बताई थी वह जानकारी आपको और पसंद भी आई होगी.  उसके बारे में आपने बहुत सुना होगा तो आज हम आपको इस पोस्ट में उसी तरह की एक और महत्वपूर्ण जानकारी आपको बताएंगे आज हम आपको इस पोस्ट में सीटी स्कैन क्या होता है यह क्यों करवाया जाता है और इसको किस अवस्था में करवाया जाता है और सीटी स्कैन कैसे किया जाता है इस तरह की कुछ महत्वपूर्ण जानकारी आपको बताएंगे यह जानकारी आपके लिए जानना बहुत ही जरूरी है क्योंकि शायद इस तरह की जानकारी आप बहुत कम ही जानते होंगे .

और यह जानकारी आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है क्योंकि आज के समय में लगभग बहुत ज्यादा बीमारियां होती है आज के समय में लगभग हमारे आसपास भी हम देख सकते हैं और हमारे घर परिवार या रिश्तेदार में भी लगभग हर एक आदमी को कुछ ना कुछ बीमारी जरूर मिल जाएगी और उन बीमारियों के लिए अलग-अलग तरह के टेस्ट और स्कैन किए जाते हैं उनमें से ही एक टेस्ट सीटी स्कैन भी है यह जानकारी आपके लिए जानना बहुत ही आवश्यक है कई बार इस तरह के टेस्ट आपके ही घर के सदस्य के भी होते हैं तो यदि आपको इस तरह की जानकारी पहले से ही होगी तो आपको कोई दिक्कत नहीं होगी और आप आसानी से इस टेस्ट को करवा लेंगेतो मैं आपको सीटी स्कैन के बारे में पूरी विस्तार से जानकारी नीचे दे रहा हूं तो देखिए

सीटी स्कैन क्या होता है What is CT scan in Hindi

सीटी स्कैन या सीएटी स्कैन विशेष प्रकार का टेस्ट होता है जो कि एक एक्स-रे और एक कंप्यूटर के इस्तेमाल से किया जाता है और इस टेस्ट में हमे शरीर में कुछ विशेष अंगो का फोटो बनता है. और इससे शरीर में बीमारी का आसानी से पता लगया जाता है.सीटी स्कैन को Computerized axial tomography के नाम से भी जाना जाता है.वैसे तो सीटी स्कैन एक्स-रे का ही एक रूप होता है लेकिन यह उससे थोड़ा अच्छा होता है और इससे शरीर के अंगो का चित्र बढ़िया और अच्छे से देखा जा सकता है.सीटी स्कैन का आविष्कार सीटी को ब्रिटिश सरकार ने सर गॉडफ्रे हंसफील्ड और डॉ एलन कॉर्मैक नाम से स्वतंत्र रूप से विकसित किया था.

यह चिकित्सकों को बीमारियां पता लगाने और उन बीमारियों का उपचार पता लगाने और वह बीमारियां कितनी पुरानी है कितने दूर तक शरीर में फैली हुई है और यह शरीर में किस भाग में है इस तरह की चीजों का पता लगाने के लिए इसका इस्तेमाल किया गया.

इस के आविष्कार के लिए  1979 में हौन्स्फील्ड और कॉर्मैक को संयुक्त रूप से नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया. क्योंकि यह एक बहुत बड़ा आविष्कार था इस आविष्कार के बाद बहुत से शरीर की अंदरूनी बीमारियों का पता लगाना बहुत आसान हो गया और वह भी बहुत ही आसानी से क्योंकि शरीर में बहुत सी ऐसी बीमारियां होती थी जिनका पता भी नहीं चल पाता था लेकिन सीटी स्कैन के आविष्कार के बाद उन बीमारियां का पता लगाया गया और सीटी स्कैन के आविष्कार के बाद चिकित्सक क्षेत्र एकदम से बदल गया.

किस किस चीज का सीटी स्कैन होता है

1.मस्तिष्क – वैसे तो आप शरीर के किसी भी हिस्से का या किसी भी अंग का सीटी स्कैन करवा सकते हैं या पूरे शरीर का भी सीटी स्कैन करा सकते हैं लेकिन लगभग शरीर के कुछ हिस्सों का सीटी स्कैन ज्यादा होता है जैसे की सबसे ज्यादा मस्तिष्क का सीटी स्कैन ज्यादा किया जाता है क्योंकि अगर हमारे दिमाग में किसी तरह की नस फट जाती है या हमारे दिमाग में नस में खून जम जाता है तो उस अवस्था में उन चीजों का पता लगाने के लिए मस्तिष्क का सीटी स्कैन किया जाता है. पहली बार सिटी सेकंड को 1974 में स्थापित किया था उस समय में रोगियों के की बीमारी में काफी सुधार किया गया और फिर इसका स्कैन करने से डॉक्टरों को रोगियों की बीमारी का इलाज करने में बहुत सहायता मिली

2.छाती –  छाती के सीटी स्कैन में फेफड़े, हृदय, अन्नप्रणाली कैरेक्टर , या छाती के बीच में प्रमुख रक्त वाहिका (महाधमनी) या ऊतकों के साथ समस्याओं की जांच हो सकती है। कुछ सामान्य सीने की समस्याएं सीटी स्कैन में संक्रमण, फेफड़े के कैंसर, एक फुफ्फुसीय अन्तःवाहिनी, और एक अनियिरिज्म शामिल हो सकता है। यह देखने के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है कि क्या कैंसर शरीर के दूसरे क्षेत्र से छाती में फैल गया है

3.मूत्र पथ –  गुर्दे के कैरेक्टर, सीएटी स्कैन, गैलरी, यूटरर्स और मूत्राशय को सीटी केयूयूबी या सीटी यूरोग्राम कहा जाता है। इस प्रकार के स्कैन में गुर्दे के पत्थर, मूत्राशय के पत्थरों या मूत्र पथ के देखा जा सकता है.  एक सीटी स्कैन की एक विशेष प्रकार जिसे सीटी अन्तराशि पाइलोग्राम (आईवीपी) कहा जाता है गुर्दा की पथरी, रुकावट, विकास, संक्रमण या मूत्र पथ के  दुसरे रोगों को देखने के लिए इंजेक्शन डाई (विपरीत सामग्री) का उपयोग करता है

यदि कोई मानक एक्स-रे चित्र या रेडियोग्राफ़ (जैसे छाती एक्स-रे) पर दिखता है, तो ऐसा महसूस होता है कि वे शरीर के माध्यम से देख रहे हैं। सीटी और एमआरआई एक-दूसरे के जैसे होते  हैं, लेकिन एक्स-रे की तुलना में शरीर का एक बहुत अलग चित्र दीखते है. सीटी और एमआरआई क्रॉस-अनुभागीय चित्र देखते हैं जो शरीर को खोलने के लिए होते हैं, जिससे डॉक्टर इसे अंदर से देखता  है।

एमआरआई के चित्र का बनाने के लिए एक चुंबकीय क्षेत्र और रेडियो तरंगों का उपयोग करता है, जबकि सीटी चित्र बनाने के लिए एक्स-रे का उपयोग करती है सादे एक्स-रे एक सस्ता टेस्ट हैं और यह निमोनिया, गठिया और फ्रैक्चर जैसी चीजों के रोग-निदान पर  मोजूद हैं। सीटी और एमआरआई बेहतर मस्तिष्क, यकृत, और पेट के अंगों जैसे नरम ऊतकों का अंदाज़ करने के साथ-साथ सूक्ष्म असामान्यताओं की कल्पना करते है. जो नियमित एक्स-रे टेस्ट से स्पष्ट नहीं हो सकते. कैंसर वाले लोगों के लिए, सीटी स्कैन यह निर्धारित करने में मदद कर सकता है कि कैंसर कितना फैल चुका है इसे कैंसर का स्टेजिंग कहा जाता है

सीटी स्कैन करवाने से पहले क्या करे

जब आप सीटी स्कैन करवाते हैं तो उस से कुछ समय पहले आपको अपने डॉक्टर को लगभग अपने बारे में सभी बातें बता देनी चाहिए जैसे अगर आपने कहीं पर टैटू बनवाया तो उसके बारे में या आपके शरीर में कहीं पर भी किसी भी तरह की बातों की कोई चीज डाली हुई है जैसे आपकी हड्डी कहीं पर टूटी हुई है और वहां पर लोहे की छड़ या आपके दांतो में कुछ दातों की परत या कोई और दांतो की चीज है जो आपके शरीर में डाली हुई है उसके बारे में बता देना चाहिए क्योंकि जब आप का सीटी स्कैन होता है तो वहां पर इन चीजों से दिक्कतें होती है

यदि आपके पेट में सीटी स्कैन है. तो आपको कहा जा सकता है. कि आपके स्कैन से पहले रात शुरू होने से पहले कोई भी ठोस पदार्थ न खाना। पेट के सीटी स्कैन के लिए आप कंट्रास्ट सामग्री को पी सकते हैं. कुछ सीटी स्कैन के लिए आपको परीक्षण से पहले एक रेचक या एनीमा की आवश्यकता हो सकती.

यदि आपको किसी भी तरह की एलर्जी है. या किसी तरह की कोई सर्जरी आप ने करवाई है. क्या आप पहले किसी दूसरी बीमारी के कारण किसी दवा का इस्तेमाल कर रहे हो. तो इन सभी चीजों के बारे में भी आपको डॉक्टर को बता देना चाहिए

जब आपका सीटी स्कैन किया जाता है तो उससे पहले आपसे आपकी घड़ी चश्मा रिंग बेल्ट मोबाइल फोन और आपके कपड़े उतरवा दिए जाते हैं. और वहां पर आपको एक गाउन दिया जाता है. उसके बाद आपको एक सीटी स्कैन मशीन की टेबल के ऊपर लेटा दिया जाता है उसके बाद सीटी स्कैन की मशीन के अंदर उस टेबल को ले जाया जाता है. और फिर आपका सीटी स्कैन किया जाता है. सीटी स्कैन करते समय 30 से 60 मिनट तक का समय लग सकता है और सीटी स्कैन करते समय आपको किसी भी तरह का दर्द नहीं होगा.

तो अब आपको पता चल गया होगा की सीटी स्कैन क्या होता है. क्यों करवाया जाता है और यह किस किस चीज का होता है. तो आज हमने आपको इस पोस्ट में सीटी स्कैन सीटी स्कैन रेट सीटी स्कैन कॉस्ट सीटी स्कैन हेड सीटी स्कैन मशीन सीटी स्कैन फुल फॉर्म सीटी स्कैन टेस्ट सीटी स्कैन साइड इफेक्ट्स सीटी स्कैन ऑफ ब्रेन सीटी स्कैन इन हिंदी सीटी स्कैन हिंदी सीटी स्कैन सीटी स्कैन क्या है के बारे में पूरी और विस्तार से जानकारी दी है तो यदि आपको यह जानकारी पसंद आए तो शेयर करना ना भूलें और यदि आपका इसके बारे में कोई सवाल या सुझाव हो तो नीचे कमेंट बॉक्स में कमेंट करके पूछ सकते हैं.

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