दस्त (डायरिया) कैसे होता डायरिया का घरेलू उपचार

दस्त (डायरिया) कैसे होता डायरिया का घरेलू उपचार

दस्त या डायरिया एक ऐसी बीमारी है जिसमे जब आदमी बार-बार मल त्‍याग करे या पतला मल निकले या दोनों ही स्थितियां हो तो उसे डायरिया या दस्त  कहते हैं आमतौर पर किसी को हो सकती है वैसे तो यह बीमारी इतनी ज्यादा गंभीर नही है लेकिन यही बीमारी दो तीन दिन से ज्यादा रह जाये तो यह ज्यादा गंभीर हो सकती है क्योकि डायरिया या दस्त आमतौर पर अगर 5 से 6 दिन में ठीक नहीं होता है तो  उसे क्रॉनिक डायरिया कहते  है। डायरिया की स्थिति  इतने लबे समय तक बने रहने पर आदमी बेहोश हो जाता है और समय से इलाज न होने पर मृत्यु तक हो सकती है। आज हम इस पोस्ट में बतायेंगे की दस्त (डायरिया) क्या होता है यह किस किस कारण हो सकता है और इसके लक्ष्ण क्या क्या होते  हैऔर इसके घरेलू उपचार क्या क्या हो सकते  है |

दस्त (डायरिया) क्या है

दस्त (डायरिया) एक ऐसी बीमारी है जिसके अन्दर मल में ज्यादा पानी हो जाता है और थोडे-थोडे समय के अंतराल पर आता है। दिन में अगर तीन से अधिक बार पानी के साथ पतला मल आ रहा है तो उसे दस्त (डायरिया) कहते है  डायरिया वायरल, बैक्टेरियल संक्रमण में आने से होता है  दस्त (डायरिया) होने पर पाचन तंत्र अच्छे से खाने को नही पचाता है सीधा पानी के    रूप  में बहार आ जाता है |

डायरिया या दस्त के लक्षण – diarrhoea Symptoms in Hindi

दस्त (डायरिया) होने पर लक्ष्ण अपने आप खुद को पता चल जाता है क्योकि शरीर में कुछ नही बचता है और टॉयलेट के बार बार चकर लगाने पड़ते है और ऐसे कुछ और भी लक्ष्ण होते है जिनसे पता चल जाता है की दस्त (डायरिया) हुआ है जैसेः-

  • दस्त होने पर बार बार मल आता है और पानी के जैसा आता है |
  • दस्त होने पर  पेट में दर्द और सूजन हो सकती है|
  • ज्यादा दस्त (डायरिया) होने पर आपको बुखार और सिरदर्द भी हो जाता है।
  • शरीर में कमजोरी हो जाती है |
  • दस्त (डायरिया) होने पर शरीर में पानी की कमी  आ जाती है और इस से त्वचा और होंठ सूख जाते हैं।

डायरिया या दस्त के कारण -diarrhoea Causes in Hindi

दस्त (डायरिया) होने के बहुत से कारण हो सकते है सबसे ज्यादा कुछ ऐसा वैसा खाने या पीने से दस्त (डायरिया) हो सकता है| जैसेः

  • यदि पानी गन्दा है और उसे पिया जाये तो सबसे ज्यादा दस्त की बीमारी हो सकती है |
  •  शरीर में जल की कमी होने से दस्त लग सकते है
  • यदि शरीर की पाचन शक्ति कमजोर हो जाये तो दस्त लग सकते है
  • अधिक दुख चिंता और डर से भी यह बीमारी हो सकती है
  • कुछ दवाई दस्त का कारण हो सकती है उनसे रिऐक्शन हो सकता है
  • पेट में कीड़ों या बैक्टेरिया के संक्रमण  में आने से दस्त (डायरिया) हो सकता है |

डायरिया या दस्त से बचाव – Prevention of diarrhoea in Hindi

पेट में इंफेक्शन होने के कई कारण हो सकते हैं. कई बार गलत खानपान की वजह से तो कई बार सफाई से नहीं रहने की वजह ये पेट से जुड़ी समस्याएं हो जाती हैं.लेकिन कुछ बातो का ध्यान रख कर आप इस बीमारी से बचाव कर सकते है जैसेः

साफ भोजन का सेवन करे.

दस्त (डायरिया) सबसे ज्यादा बैक्टीरिया या वायरस के कारण होता है और यह सब खाने से स्टार्ट होता है तो साफ़ और संतुलित आहार का सेवन करे और सड़क पर बिक रहे दूषित खाने को खाने से बचें। हमेशा घर का साफ भोजन ही खाएं

ज्यादा से ज्यादा पानी पीये

दस्त (डायरिया) पानी की वजह से होता है और पानी हमारे लिए सबसे जरुरी है क्योकि यदि खाने को पचाना है तो सबसे ज्यादा पानी लगता है इसके अलावा, यदि आप दस्त से पीड़ित हैं तो आपके शरीर में पानी की कमी को जाती है। शरीर में पानी की कमी और इलेक्ट्रोलाइट का संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता होती है। इसलिए आप साफ पानी में नमक मिला कर पी सकते हैं जो दस्त से बहुत राहत मिल जाती है |

तेलयुक्त और तले हुए खाद्य पदार्थ का कम से कम सेवन करे

तेलयुक्त और तले हुए खाद्य पदार्थ  का सेवन कम से कम करना चाहिए क्योकि यह जल्दी से पचता नही है तो इस से दस्त की बीमारी बहुत जल्दी होती है |

उस समय अधिक ध्यान रखें जब आपके परिवार में कोई सदस्य दस्त से पीड़ित हो

यदि आपके घर में पहले से दस्त (डायरिया) हुआ है तो आप बहुत ध्यान रखना पड़ता है सबसे पहले साबुन और पानी से अच्छी तरह से और नियमित रूप से अपने हाथ धोना याद रखें और जितनी भी बारी रोगी  शौचालय जाये शौचालय  की सीट और शौचालय फ्लश सहित अपने शौचालय को साफ़ और कीटाणुरहित बनाएँ

दस्‍त में क्‍या खाना चाहिए

  • दस्त होने पर आलू खायें
  • दस्‍त होने परसेब का सेवन करें
  • पतले दस्‍त रोकने के लिए दही
  • दस्‍त रोकने के लिए सफेद चावल खाएं
  • बच्‍चों के दस्‍त होने पर गाजर खायें
  • दस्त होने पर अनार खाना चाहिए
  • लूस मोशन रोकने के लिए दलिया फायदेमंद होता है

दस्त (डायरिया) में क्‍या नहीं खाना चाहिए

  • दस्त में शराब के पास भी न जाये
  • दस्‍त में फैटी फूड नही खाने चाहिए
  • दस्‍त में डेयरी उत्‍पाद नहीं खाना चाहिए
  • डायरिया होने पर फलों का जूस नहीं पीना चाहिए
  • कैफीन का इस्तेमाल बिलकुल न करे|
  • दस्‍त होने पर मसालेदार भोजन का सेवन बिलकुल न करे.

डायरिया से बचाव के घरेलू उपाय

इस बीमारी के लिए वैसे तो इलाज बहुत है लेकिन यदि आप टेबलेट ना लेना चाहे तो तो इस बीमारी के घरेलू उपाय भी बहुत से आप सिंपल घरेलू उपाय से इस बीमारी का इलाज कर सकते है |

ORS का घोल पीये

दस्त (डायरिया) होने पर शरीर के अंदर से तरल व खनिज लवण बाहर निकलते हैं और शरीर में पानी की कमी आ जाती है  इनकी कमी को पूरा करने के लिए  ORS का घोल पिएं।

केला और सेब का सेवन करे

केला व सेब का मुरब्बा और टोस्ट का मिश्रण जिसे ब्रॉट कहते हैं, इसका सेवन समय समय पर करने पर दस्त (डायरिया) से राहत मिल सकती है और समय समय पर लेने से जल्दी दस्त से छुटकारा मिल सकता है|

अदरक वाली चाय पीये

यदि अच्छे दस्त लगे हुए है तो आप अदरक की चाय पीये या कैसे भी अदरक का सेवन करे जैसेः अदरक का रस, नीबूं का रस और काली मिर्च का पाउडर पानी में मिलाकर पीये आप समय समय पर पियेंगे तो आपको जल्दी राहत मिल जाएगी|

थोड़े से गर्म पानी में नामक मिला कर पीये

यदि दस्त (डायरिया) हुआ है तो आपको हर 1 घंटे में कम से कम 1 लीटर से उपर पानी पीना चाहिए क्योकि पानी का सेवन करने से निर्जलीकरण नहीं होगा। नमक और पानी का घोल बनाकर समय समय पर पीये |

चावल का पानी पीये

यदि यदि दस्त (डायरिया) से परेशान है तो आप चावल का पानी पीये इस से बहुत ज्यादा दस्त राहत मिलती है |

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